'MMDR विधेयक से झारखंड को 14 हजार करोड़ का होगा नुकसान', वित्त मंत्री राधाकृष्ण किशोर का बड़ा बयान, बोले - ग्रामीणों की लड़ाई लड़ेगी सरकार

Sep 1, 2026 - 16:46
'MMDR विधेयक से झारखंड को 14 हजार करोड़ का होगा नुकसान', वित्त मंत्री राधाकृष्ण किशोर का बड़ा बयान, बोले - ग्रामीणों की लड़ाई लड़ेगी सरकार

PALAMU : केंद्र सरकार द्वारा लाये गये MMDR विधेयक से झारखंड को करीब 14 हजार करोड़ रुपये का नुकसान होने का दावा राज्य के वित्त सह संसदीय कार्य मंत्री राधाकृष्ण किशोर ने किया है. उन्होंने कहा कि राज्य सरकार की अनुमति के बिना किसी भी कंपनी को माइंस खोलने की अनुमति नहीं दी जा सकती है. ग्रामीणों को किसी तरह की हताशा में आने या हथियार उठाने की जरूरत नहीं है. त्रिमुला कंपनी के खिलाफ ग्रामीणों की लड़ाई राज्य के वित्त मंत्री के स्तर से लड़ी जायेगी.

ग्रामीणों के साथ संवाद कार्यक्रम

राधाकृष्ण किशोर सोमवार को पाटन प्रखंड के मेराल पंचायत सचिवालय में ग्रामीणों के साथ संवाद कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे. उन्होंने कहा कि ग्रामीणों को अपनी जमीन और अधिकार को लेकर चिंता करने की आवश्यकता नहीं है. मेराल पंचायत करीब पांच किलोमीटर के क्षेत्र में फैला हुआ है. यदि त्रिमुला कंपनी में दम है, तो पहले वह पांच किलोमीटर क्षेत्र में जमीन खरीदकर दिखाये.

राज्य सरकार और कैबिनेट की मंजूरी जरूरी

वित्त मंत्री ने कहा कि किसी भी कंपनी को खनन अथवा अन्य परियोजना शुरू करने के लिए राज्य सरकार की अनुमति के साथ-साथ कैबिनेट से भी स्वीकृति प्राप्त करनी होती है. 

उन्होंने दावा किया कि त्रिमुला कंपनी की समयावधि वर्ष 2015 में ही समाप्त हो चुकी है. ऐसी स्थिति में ग्रामीणों को भयभीत होने की आवश्यकता नहीं है. उन्होंने कहा कि त्रिमुला कंपनी द्वारा जिंजोई नदी को साधारण नाला बताया गया था. इसकी जांच के लिए एक टीम क्षेत्र में पहुंची थी. जांच के दौरान कंपनी की ओर से भेजी गयी रिपोर्ट को गलत पाया गया था.

शांतिपूर्ण तरीके से लड़े लड़ाई

मंत्री ने कहा कि त्रिमुला कंपनी से उनका भी हिसाब बाकी है. उन्होंने आरोप लगाया कि कंपनी ने पूर्व में उनका टिकट कटवाने में भूमिका निभायी थी. उन्होंने ग्रामीणों से शांतिपूर्ण तरीके से अपना काम करने और किसी भी प्रकार की चिंता नहीं करने की अपील की. कार्यक्रम का संचालन विकास कुमार मेहता ने किया. 

मौके पर राजकमल तिवारी, भोला सिंह, मुखिया छोटू सिंह, पूर्व मुखिया अनीता देवी, सुनीता देवी, मोला सिंह चेरो, अवधेश सिंह, बालमुकुंद सिंह, सुचिता देवी समेत बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद थे.

What's Your Reaction?

Like Like 0
Dislike Dislike 0
Love Love 0
Funny Funny 0
Angry Angry 0
Sad Sad 0
Wow Wow 0