पितृपक्ष महासंगम को स्वच्छ बनाने सड़क पर उतरे जनप्रतिनिधि, विष्णुपद मंदिर से निकली जागरूकता रैली, डीएम-मेयर-नगर आयुक्त समेत जनप्रतिनिधियों ने थामी झाड़ू; नो प्लास्टिक जोन में स्वच्छता बनाए रखने की अपील
गयाजी। पितृपक्ष महासंगम-2026 को स्वच्छ, सुंदर और पर्यावरण अनुकूल बनाने के उद्देश्य से शनिवार को गयाजी में जन-जागरूकता अभियान चलाया गया। विष्णुपद मंदिर परिसर से स्वच्छता एवं जागरूकता रैली निकाली गई। रैली को जिला पदाधिकारी शशांक शुभंकर, मेयर डॉ. वीरेंद्र कुमार उर्फ गणेश पासवान, नगर आयुक्त डॉ. गगन कुमार एवं सशक्त स्थायी समिति के सदस्य डॉ. अखौरी ओंकार नाथ उर्फ मोहन श्रीवास्तव ने हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।
रैली के दौरान जनप्रतिनिधियों और नगर निगम के पदाधिकारी-कर्मियों ने खुद सड़क पर उतरकर झाड़ू लगाई और लोगों को स्वच्छता के प्रति जागरूक किया। वार्ड पार्षद सारिका वर्मा, अनुपमा कुमारी, अंजलि कुमारी, धर्मेंद्र कुमार समेत अन्य जनप्रतिनिधि भी अभियान में शामिल हुए। पंडा समाज के प्रतिनिधि अमरनाथ धोकड़ी, मणिलाल बारीक सहित नगर निगम के अधिकारी एवं कर्मियों ने भी रैली में भाग लिया।
रैली के माध्यम से लोगों से अपील की गई कि पितृपक्ष के दौरान मेला क्षेत्र में कचरा सड़क अथवा खुले स्थान पर नहीं फेंकें। कचरे को निर्धारित स्थान पर ही डालें और नगर निगम की स्वच्छता व्यवस्था में सहयोग करें। नगर निगम ने पूरे पितृपक्ष मेला क्षेत्र को नो प्लास्टिक जोन घोषित किया है। इसके साथ ही मेला क्षेत्र में नशे के सेवन पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा।
स्वच्छता में सभी की भागीदारी जरूरी : मेयर
मेयर डॉ. वीरेंद्र कुमार उर्फ गणेश पासवान ने कहा कि पितृपक्ष महासंगम गयाजी की पहचान और देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं की आस्था से जुड़ा महत्वपूर्ण आयोजन है। श्रद्धालुओं को स्वच्छ एवं बेहतर वातावरण उपलब्ध कराना नगर निगम की प्राथमिकता है।
उन्होंने कहा कि स्वच्छता केवल नगर निगम की जिम्मेदारी नहीं है। आम नागरिकों, दुकानदारों और श्रद्धालुओं की भागीदारी भी उतनी ही जरूरी है। उन्होंने लोगों से प्लास्टिक का इस्तेमाल नहीं करने, कचरा निर्धारित स्थान पर डालने और सफाई व्यवस्था में सहयोग करने की अपील की।
जनभागीदारी से सफल होगा अभियान : मोहन श्रीवास्तव
सशक्त स्थायी समिति के सदस्य डॉ. अखौरी ओंकार नाथ उर्फ मोहन श्रीवास्तव ने कहा कि पितृपक्ष महासंगम में देश-विदेश से लाखों श्रद्धालु गयाजी पहुंचते हैं। ऐसे में शहर को स्वच्छ और सुंदर बनाए रखना सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है।
उन्होंने कहा कि जिलाधिकारी, नगर निगम के जनप्रतिनिधि और अधिकारी-कर्मी स्वयं सड़क पर उतरकर लोगों को स्वच्छता का संदेश दे रहे हैं। जनभागीदारी से ही स्वच्छता अभियान को पूरी तरह सफल बनाया जा सकता है।