205 कोबरा बटालियन परिसर में राष्ट्रीय खेल दिवस पर बच्चों ने दिखाई प्रतिभा
गयाजी। राष्ट्रीय खेल दिवस-2026 के अवसर पर 205 कोबरा बटालियन परिसर में बच्चों के लिए विभिन्न मनोरंजक एवं उत्साहवर्धक खेल प्रतियोगिताओं का आयोजन हर्षोल्लास और खेल भावना के साथ किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य बच्चों में खेलों के प्रति रुचि, अनुशासन, आत्मविश्वास, टीम भावना और स्वस्थ जीवनशैली को बढ़ावा देना रहा।
कार्यक्रम की मुख्य अतिथि रीता पंवार रहीं। इस अवसर पर कमांडेंट नरेश पंवार, द्वितीय कमान अधिकारी अखिलेश एवं द्वितीय कमान अधिकारी अजीत सहित बटालियन के अधिकारी, अधीनस्थ अधिकारी, जवान, महिला अतिथिगण, अभिभावक और बड़ी संख्या में बच्चे उपस्थित रहे।
मुख्य अतिथि रीता पंवार का परिसर में आगमन पर गर्मजोशी से स्वागत किया गया। बच्चों के लिए जलेबी रेस, दौड़, कोन शटल रेस, रस्साकशी, ग्लास इन द रिंग, हर्डल रेस और पास द कोन सहित विभिन्न प्रतियोगिताएं आयोजित की गईं। बच्चों ने पूरे उत्साह और उमंग के साथ प्रतियोगिताओं में भाग लेते हुए अपनी प्रतिभा एवं कौशल का प्रदर्शन किया।
इस अवसर पर रीता पंवार ने बच्चों को खेलों में बढ़-चढ़कर भाग लेने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि खेल केवल मनोरंजन का साधन नहीं हैं, बल्कि बच्चों के शारीरिक, मानसिक, भावनात्मक और सामाजिक विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने बच्चों को जीत-हार से ऊपर उठकर अनुशासन, निरंतर प्रयास, टीम भावना और खेल भावना को महत्व देने का संदेश दिया।
कमांडेंट नरेश पंवार ने भी बच्चों का उत्साहवर्धन करते हुए खेलों को दैनिक जीवन का अभिन्न हिस्सा बनाने तथा स्वस्थ एवं सक्रिय जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित किया।
कार्यक्रम के दौरान यह संदेश दिया गया कि “जीत खुशी देती है, लेकिन प्रयास हमें मजबूत बनाता है।” अभिभावकों से भी बच्चों को पढ़ाई के साथ खेलों में भाग लेने के लिए प्रोत्साहित करने की अपील की गई, ताकि उनका सर्वांगीण विकास सुनिश्चित हो सके।
बच्चों के उत्साह और प्रतिभागिता से पूरे परिसर में उमंग और उल्लास का वातावरण बना रहा। अंत में सभी प्रतिभागियों को शुभकामनाएं देते हुए निरंतर प्रयास, अनुशासन और खेल भावना के साथ आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया गया। राष्ट्रीय खेल दिवस का यह आयोजन बच्चों के लिए मनोरंजन एवं प्रतिस्पर्धा के साथ-साथ आत्मविश्वास, टीम भावना और स्वस्थ जीवनशैली को बढ़ावा देने की दिशा में सार्थक पहल साबित हुआ।