अखिल विश्व गायत्री परिवार का दीप दान व शान्ति पाठ आयोजित

Jun 1, 2020 - 10:32
अखिल विश्व गायत्री परिवार का दीप दान व शान्ति पाठ आयोजित

रांची- अखिल विश्व गायत्री परिवार संस्थान, शान्तिकुंज (हरिद्वार) के तत्वावधान में रांची सहित अन्य प्रज्ञा मंडलों में गंगा दशहरा व गायत्री जयंती कार्यक्रम चल रहे हैं।
कार्यक्रम में गुरु ईश वंदना के साथ सर्वतोभद्र पूजा अनुष्ठान मंगलाचरण एवं पवित्रीकरण स्वस्तिवाचन से शुभारम्भ हुआ। पाठ में देवावाहन, नमन वंदन, षोडशोपचार पूजन एवं स्वास्तिवाचन ,रक्षा विधान के साथ हवन-यज्ञ संपन्न हुए।
कुछ मंडलों में गायत्री जयंती सह गंगा दशहरा सहित शान्तिकुंज के संस्थापक वेदमूर्ति तपोनिधि पंडित श्रीराम शर्मा आचार्य की महाप्रयाण दिवस के उपलक्ष्य में विशेष पूजा अर्चना वंदना और महामंत्रों का अखंड ज्योति प्रज्ज्वलित करके अखंड जप किया गया।
इससे पहले स्थापित उनके जन्म स्थली सह गुरुग्राम आंवलखेड़ा और मथुरा गायत्री तपोभूमि की अनेक महत्वपूर्ण क्रिया कलापों और योजनाओं पर चर्चा करते हुए संक्षिप्त विवरण नई पीढ़ी के युवाओं को बताया गया।
कई शाखाओं में यज्ञीय विधि से दिव्य मंत्रों के साथ साथ शान्तिकुंज द्वारा
निर्धारित कार्यक्रम के साथ
साथ गणेश गायत्री, रूद्र गायत्री, दुर्गा गायत्री, सरस्वती गायत्री , सूर्य गायत्री , हनुमान गायत्री, प्रखर प्रज्ञाय एवं सजल श्रद्धाय मंत्रों के साथ महामृत्युंजय महा मंत्रों का जाप किया गया। गायत्री दीप यज्ञ माध्यम से आयोजन सम्पन्न हुए
यज्ञाहुति में विश्व कल्याण , शान्ति संरक्षण व सर्वत्र सुख समृद्धि और सर्वत्र मंगलमय हो, इस भाव से शामिल भक्तों ने प्रार्थना की गई।
गायत्री परिवार प्रज्ञा पुरोहितों एवं सदस्यों ने दो-दिवसीय अनुष्ठान के इस लक्ष्य व संकल्प को बड़े उत्साह उमंग से पूरा किया।
उद्देश्य है घर में ही सुरक्षित रहकर
आत्मबल संवर्धन,
आस्थाओं का परिशोधन, वातावरण परिष्करण व शुद्धि साथ ही कोरोनावायरस महामारी से संक्रमित जनों से छुटकारा के लिए भावनात्मक प्रार्थना , सबके मन में शुभ संकल्प का उदय, स्वार्थ संकीर्णता का त्याग, सबके हित की कामना , सामाजिक पारिवारिक समरसता का विकास एवं प्रयास संबंधित बिन्दुओं पर बताया गया।
अलकापुरी शक्तिपीठ में यज्ञादि कर्मकाण्ड से त्यौहार मनाकर अपने
सानिध्य में मुहल्लावासियों में राहत टीम द्वारा खीर ,पूड़ी, सब्जी ,सोयाबीन से भोजन तैयारी कर वितरण किया। उक्त जानकारी जयनारायण प्रसाद और विभाष कुमार ने दी।

What's Your Reaction?

Like Like 0
Dislike Dislike 0
Love Love 0
Funny Funny 0
Angry Angry 0
Sad Sad 0
Wow Wow 0