चतरा में सनसनीखेज मर्डर केस का खुलासा, अवैध संबंध के शक में बेटे ने की थी मां के प्रेमी की हत्या, 53वें दिन मिला शव
CHATRA : चतरा पुलिस को बड़ी कामयाबी मिली है। पुलिस ने 30 मार्च 2026 से लापता युवक गुड्डू मुंडा का शव जंगल से 53वें दिन बरामद किया है। उसकी हत्या कर शव जंगल में दफना दिया गया था। पुलिस ने घटना में शामिल तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों की निशानदेही पर ही शव की बरामदगी हुई है। घटना लावालौंग थाना क्षेत्र के टुनगुन गांव की है।
सिमरिया एसडीपीओ नागरगोजे शुभम भाऊ साहब ने शनिवार को पूरे मामले का खुलासा किया। गिरफ्तार आरोपियों में महेश गंझू, नितेश कुमार गंझू और कमलेश कुमार शामिल हैं। मुख्य आरोपी राकेश मुंडा फिलहाल फरार है।
मां को प्रेमी के साथ देखा था आपत्तिजनक स्थिति में
एसडीपीओ के अनुसार युवक की हत्या के पीछे मुख्य आरोपी राकेश मुंडा की मां का गुड्डू मुंडा के साथ अवैध संबंध होना था। गुड्डू मुंडा का राकेश मुंडा की मां रीता देवी के साथ लंबे समय से प्रेम-प्रसंग चल रहा था। एक दिन राकेश मुंडा ने दोनों को आपत्तिजनक स्थिति में देख लिया। इसी के बाद उसने गुड्डू मुंडा की हत्या की योजना बनाई।
इस हत्याकांड को अंजाम देने के लिए राकेश मुंडा ने अपने कुछ करीबी दोस्तों को इस साजिश में शामिल किया। बीते 30 मार्च को गुड्डू मुंडा लावालौंग से पांकी जाने वाली एक यात्री बस में जा रहा था। इसी बीच राकेश और उसके साथियों ने बस का पीछा किया।
चलती बस से घसीटते हुए नीचे उतार लिया
मंधनिया घाटी के पास सुनसान रास्ते में आरोपियों ने चलती बस को रुकवाया और गुड्डू मुंडा को जबरन घसीटते हुए नीचे उतार लिया। आरोपी गुड्डू को पीटते हुए मंधनिया से हाहे जाने वाले बिहड़ जंगल की तरफ ले गए।
जंगल के सन्नाटे में आरोपियों ने गुड्डू मुंडा पर लाठी-डंडों से जानलेवा हमला कर दिया और तब तक पीटा, जब तक उसकी सांसें नहीं थम गईं। हत्या करने के बाद आरोपियों ने सबूत मिटाने की नीयत से शव को जंगल में ही एक गड्ढा खोदकर मिट्टी में दफन कर दिया और वापस अपने घर लौट आए।
5 मई को अपहरण का मामला दर्ज हुआ
इधर, गुड्डू मुंडा के परिजन अपने स्तर से युवक की तलाश कर रहे थे। आखिरकार, 15 मई को पीड़ित पिता संतोष मुंडा ने लावालौंग थाने में अपने पुत्र के अपहरण की लिखित शिकायत दर्ज कराई। मामले की गंभीरता को देखते हुए एसपी अनिमेष नैथानी ने तुरंत संज्ञान लिया और सिमरिया एसडीपीओ के नेतृत्व में एक विशेष जांच टीम (SIT) का गठन किया। पुलिस टीम ने जब तकनीकी इनपुट्स, मोबाइल लोकेशन और स्थानीय ग्रामीणों से कड़ाई से पूछताछ शुरू की तो संदेह की सुई राकेश मुंडा के दोस्तों पर जा टिकी।
पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए संदिग्ध महेश गंझू को हिरासत में लिया। पूछताछ हुई तो महेश टूट गया और उसने पूरे राज से पर्दा उठा दिया। महेश की ही निशानदेही पर पुलिस टीम मंधनिया-हाहे के घने जंगल में पहुंची और जमीन खोदकर गुड्डू मुंडा का सड़ा-गला शव बरामद कर पोस्टमॉर्टम के लिए सदर अस्पताल भेजा।
What's Your Reaction?
Like
0
Dislike
0
Love
0
Funny
0
Angry
0
Sad
0
Wow
0











