पटना : आइजीआइएमएस के डॉक्टरों की बड़ी उपलब्धि, लिवर ट्रांसप्लांट कर रचा इतिहास

पटना : आइजीआइएमएस के डॉक्टरों की बड़ी उपलब्धि, लिवर ट्रांसप्लांट कर रचा इतिहास

पटना :  आइजीआइएमएस के डॉक्टरों ने लिवर ट्रांसप्लांट कर इतिहास रचा है। आइजीआइएमएस के डॉक्टरों ने लिवर ट्रांसप्लांट की वेटिंग लिस्ट में मौजूद बी पॉजिटिव ब्लड ग्रुप के चार लोगों को सुबह करीब आठ बजे फोन कर बुलाया। इनमें से एक मरीज जो दिल्ली के मैक्स अस्पताल में इलाजरत था वह आने को तैयार हुआ। बिहार के ही रहने वाले मरीज की उम्र करीब 47 वर्ष है और वह नोएडा में कार्यरत है। यह संभव तभी हो पाया जब आइजीआइएमस में भर्ती मुजफ्फरपुर के रहने वाले 17 वर्षीय किशोर की मृत्यु के बाद उसके परिजनों ने अंगदान का फैसला लिया। इसमें हृदय, किडनी, कॉर्निया के साथ लिवर का भी दान किया गया।

मरीज समय पर पहुंचने के लिए चॉटर्ड प्लेन से दिल्ली से पटना आया। मरीज करीब दो बजे पहुंचा. इसके बाद पहले से ही तैयार डॉक्टरों ने लिवर ट्रांसप्लांट के लिए ऑपरेशन शुरू कर दिया। शाम होने से पहले ही ट्रांसप्लांट सफलतापूर्वक हो गया। इस ट्रांसप्लांट को गैस्ट्रो सर्जरी विभाग के एचओडी व चिकित्सा अधीक्षक डॉ मनीष मंडल के नेतृत्व में डॉक्टरों की टीम ने किया। इसमें गैस्ट्रो सर्जरी के डॉ साकेत कुमार, डॉ राकेश, डॉ संजय, डॉ अमरजीत, एनेस्थिसिया विभाग के डॉ प्रकाश दुबे, डॉ निधि आदि शामिल थे। इसकी जानकारी देते हुए डॉ मनीष मंडल ने कहा कि यह ट्रांसप्लांट राज्य में लिवर ट्रांसप्लांट के क्षेत्र में मील का पत्थर साबित होगा। यह राज्य के लिए एक बड़ी उपलब्धि है।